A Short Notes On Shri Aurobindo Ghosh
A Short Note On Shri Aurobindo Ghosh
Pride Of Kayastha - Shri Aurobindo Ghosh
एक बुद्धजीवी , Cambridge University के यशस्वी छात्र , ICS उत्तीर्ण महात्वाकांक्षी युवक जब भारत में आया तो बाल गंगाधर तिलक के सानिध्य में स्वतंत्रता के आंदोलन में कूद पड़ा और वंदे मातरम इनका प्रिय नारा था l
कई बार काल कोठरी में समय बीता जहां उन्हें दिव्य ज्ञान प्राप्त हुए तत्पश्चात उनके लेखनी ने बहुतों को अध्यात्म से जोड़ा l
खुदी राम बोस जैसे क्रांतिकारी इनके सानिध्य में रहे पांडिचेरी में आश्रम स्थापित कर अनेक धर्म ग्रंथों का दिव्य ज्ञान लोगों में फैला अपनी देहलीला समाप्त की l
ऐसे महान स्वन्त्रता सेनानी व चिंतक को शत-शत नमन
Comments
Post a Comment